हकीक़त थी…. ख्वाब था…. या तुम थे…. जो भी था…. हम तो उसी में गुम थे…
Kabhi ZarOrat Parhe tO Awaaz De Dena. , ‘Main koi Guzra Hua Waqt nahi Jo Wapis na aaun.
लाख समझाया की दुनिया शक करती है … पर, उसकी आदत नहीं गयी, मुस्करा के गुजरने की…
Kash K Tum M0ut H0te Yaqeen T0 H0ta K Ek Din Aa0 Ge Zar0or
अपनी साँसे भी कर दी हैं तेरी साँसों में शामिल ,, अब इस से ज्यादा तू ही बता तुझे और Continue Reading..
अब आ गए हो आप तो आता नहीं कुछ याद, वरना कुछ हमको आप से कहना ज़रूर था।
दिल की उम्मीदों का हौंसला तो देखो , इंतजार उसका …… जिसको अहसास तक नहीं ..
एक तुझको चुरा लू अगर मैं उफ़्फ़……………… सारा ज़ामाना गरीब हो जाये
नए वर्ष में नई पहल हो कठिन जिंदगी और सरल हो अनसुलझी रही जो पहली अब शायद उसका भी हल Continue Reading..
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