बुराई को खत्म करने निकले तो अच्छाई चार कदम ओर आगे निकल गई…
सिखा दिया दुनिया ने मुझे अपनो पर भी शक करना मेरी फितरत में तो गैरों पर भी भरोसा करना था..!!
Tmhen meri mohabbat ki qasam such such btana… Galay main daal k baahen Manana kis se sikha hai…
तरस गए हैं तेरे लब से कुछ सुनने को हम…. प्यार की बात न सही कोई शिकायत ही कर दे..
~Waha Tak Saath Chaltey Haii .. Yaha Tak Saath Mumkiin Haii .. ^
सुनो तुम मेरी जिद नहीं जो पूरी हो… तुम मेरी धड़कन हो जो जरुरी हो.
मैं हँसता हूँ तो बस अपने ग़म छिपाने के लिए.. और लोग देख के कहते है काश हम भी इसके Continue Reading..
हम आते हैं महफ़िल में तो फ़कत एक वजह से, यारों को रहे ख़बर कि अभी हम हैं वजूद में..”
~Zindagii Se Bas Yehii Gila’h Haii Mujhe Tu Bahut Der Se Miila Haii Mujhe .. ^
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