कसूर तो बहुत किए हमने जिंदगी में❣ सजा वहां मिली❣ जहां हम बेकसूर थे
ऐ दिल थोड़ी सी हिम्मत कर ना यार, चल दोनों मिल कर उसे भूल जाते है।
मैंने अपनी ख़ुश्क आँखों से लहू छलका दिया…. एक समन्दर कह रहा था मुझे पानी चाहिए….
सीढिया उन्हे मुबारक हो…..जिन्हे छत तक जाना है….. हमारी मन्जिल तो आसमान है..रास्ता हमे खुद बनाना है..।
दूर उन्हें जाना था ये …. एहसास तो था लेकिन……!!* *बिछड़ना इस कदर होगा …..ये ख्याल ना आया …..
Soch rakhi han buhat si batein tumahin sunany ko Tum ho y aaty hi nahi hamein manaany kay liye…!!!
शिकवे तो बहुत है,मगर शिकायत नही कर सकते…!! मेरे होंठों को इजाजत नही है,तेरे खिलाफ बोलने कि !
कुछ दोस्त भी अजीब होते है।😍 पढ़ते सब है लिखते कुछ नही
क्यूँ परेशान होते हो सबकी बातों से, कुछ लोग पैदा ही बकवास करने के लिये होते है !!
Your email address will not be published. Required fields are marked *
Comment *
Name *
Email *