कोई ढूंढ रहा है प्यार अपना, तो कोई दौलत के पीछे पागल है। मैं तो खोया हूँ अपने रंग-बिरंगे ख्यालों में, जबकि मेरी जिंदगी में छाए अंधेरे के बादल है
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इत्तेफ़ाक़ से मिल जाते हो जब वो राह में कभी, यूँ लगता है करीब से ज़िन्दगी जा रही हो जैसे।
फ़रियाद कर रही है ये तरसी हुई निगाह, देखे हुए किसी को कई दिन गुज़र गए..
वो बोलते रहे हम सुनते रहे, जवाब आँखों में था वो जुबान में ढूंढते रहे.
सिर्फ दिल का हक़दार बनाया था तुम्हें…… हद हो गयी तुमने तो जान भी ले ली..
पैगामे मोहब्बत हमने भेज दिया लिफाफे में ❤ मर्ज़ी उसकी लिफाफा खोले या यूं ही रख दे
पूरा दिन गुजर गया और तुमने याद तक ना किया मुझे नहीं पता था की इश्क़ में भी इतवार होता Continue Reading..
हाथ मे बस एक ‘बासुँरी’ कि कमी है वरना, गोपिया हमने भी कई ‘फसाई’ है..!!
मुंह की बात सुने हर कोई, दिल के दर्द को जाने कौन , आवाज़ों के बाजारों में, ख़ामोशी पहचाने कौन Continue Reading..
