बुराई को खत्म करने निकले तो अच्छाई चार कदम ओर आगे निकल गई…
बदला वफाओं का देंगे बहुत सादगी से हम..!! तुम हमसे रूठ कर देखो और हम ज़िंदगी से मुह फेर लेंगे..!!
इक झलक जो मुझे आज तेरी मिल गयी मुझे☺😍 फिर से आज जीने की वजह मिल गयी❤
तेरी मुहब्बत की तलब थी तो हाथ फैला दिए वरना, हम तो अपनी ज़िन्दगी के लिए भी दुआ नहीं करते…
अब तो इतवार में भी कुछ यूँ हो गयी है मिलावट छुट्टी तो दिखती है पर सुकून नजर नहीं आता
परेशानी का कोई पैमाना नही होता साहब| मै तो ये सोचकर भी परेशान हो जाती हूँ कि कमिटी(committee) की स्पेलिंग Continue Reading..
खेलने दो उन्हें जब तक जी न भर जाए उनका.,…, मोहब्बत 4 दिन की थी तो शौक कितने दिन का Continue Reading..
तमन्ना थी सदा जिनके करीब रहने की❤ अब खुद ही उनसे बहुत दूर हुए जा रहा हूँ।
इस दुनिया में वफा करने वालों की कमी नहीं ह दोस्तों बस_मोहब्बत ही उस इन्सान से हो जाती हैजीसे मोहब्बत Continue Reading..
Your email address will not be published. Required fields are marked *
Comment *
Name *
Email *