उन्हें शिकायतों से शिकायत रहने लगी है, अब हम शिकायत जो नहीं करते!
WhatsApp हो या ज़िंदगी, लोग हमेशा status ही देखते हैं।
एक मशविरा चाहिए, ख़ुदकुशी करूं या इश्क..
~Gar Tum Jo Saath Aa Gey Hote, Ziindagi Har Tarah Se Mumkin Thi .. ‘
~Sard Mausam Meiin Bohat Yaad Aatey Haii, Dhund Meiin Lipte Huye Waade Unke .. ‘
हमसफ़र खूबसूरत नहीं.. सच्चा होना चाहिए
तन्हाई की सरहदें और भीगी पलके….!! हम लुट जाते हैं, रोज तुम्हें याद करके….!
! वो अब भी आती है ख्वाबों में मेरे.. ये देखने की मैं उसे भूला तो नहीं…..!!
सब मशरूफ थे नया साल मनाने में मैंने मेरी रूठी खुशियों को मना लिया..
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