पत्नी :– ये जो तुम रोज़ फेसबुक पर रोमांटिक शायरियाँ लिखते हो कि, ये तेरी जुल्फें है जैसे रेशम की डोर, ये किसके लिये लिखते हो ?
पति :– पगली तेरे लिये ही लिखता हूँ,
.
.
पत्नी :– तो फिर वो रेशम की डोर कभी दाल में आ जाती है तो इतना चिल्लाते क्यूँ हो
Related Posts
कल दुकानदार को राशन की लिस्ट अपनी हैंडराइटिंग में लिखकर दी तो कहने लगा… “डाक्टर साहब हम दवाईयां नहीं बेचते”
एक शाराबी और औरत के बीच झगड़ा हो गया . शाराबी: तू मोटी, काली कलूटी, दांतली कही की . . Continue Reading..
Yar, ajkal Main boht Pareshan hon. Nend nhi aati.. Sukon nhi.. Kisi kam men dil b nhi lagta.. Doctor ne Continue Reading..
पत्नी – पूरे टाइम मोबाइल में चिपके रहते हो। कम से कम छुट्टी के दिन तो कुछ वक्त मेरे लिए Continue Reading..
मर्द एक समंदर कि तरह है जिसमें उसकी औरत शार्क बनकर रहना चाहती है जबकि मर्द चाहता है कि उसमें Continue Reading..
खत ले जाने से मना कर दिया कबूतर ने…😒 . . . . . बोला मेरा खुद का ब्रेकअप हुआ Continue Reading..
Neymar: मैं फुटबॉल को अपनी उंगलियों पर 2 घंटे तक घुमा सकता हूँ । RAJNIKANT: तुम्हे क्या लगता है.. ये Continue Reading..
चाँद ने रोष प्रकट करते हुऐ कहा है कि …. जब लड़कियां कुवांरी होती है, तब चाँद मे अपना माही Continue Reading..