लोगो से कह दो हमारी …..,
तकदीर से जलना छोड दे,
हम घर से दवा नही माँ की
…..,दुआ लेकर निकलते है
.
.
कोई ना दे हमे खुश रहने की …..,
दुआ तो भी कोई बात नही,
वैसे भी हम खुशियाँ रखते नही
…..,बाँट दिया करते है
Related Posts
एक पार्क मे दो बुजुर्ग बातें कर रहे थे…. पहला :- मेरी एक पोती है, शादी के लायक है… MA Continue Reading..
1लडकी👱 ने फेसबुक पर massege टैग किया कि अगर मॉ बाप को संभालने का हक लडकीयो का होता तो भारत Continue Reading..
“”सेवा करनी है तो, घड़ी मत देखो ! लंगर छ्कना है तो, स्वाद मत देखो! सत्संग सुनाना है तो, जगह Continue Reading..
खेल ताश का हो या ज़िन्दगी का, अपना इक्का तभी दिखाना जब सामने वाला बादशाह निकाले ..
मुस्कुरा के देखो तो सारा जहाँ रंगीन है। वर्ना भीगी पलकों से तो आईना भी धुंधला दिखता है।।
मेरे साथ बिताए लम्हो की याद जरा सम्भाल कर रखना . क्योकि हम याद तो आएगे मगर लौटकर नही
इंसानो की दुनिया मे बस यही तो रोना है, जज्बात अपने है तो जज्बात, दुसरे के हो तो खिलौना है
पानी फेर दो इन पन्नों पे, ताकी धुल जाये स्याही सारी.. जिन्दगी फिर से लिखने का मन होता है कभी-कभी..!!