मुझे नफरत पंसद है मगर,
दिखावे का प्यार नही!!
-Kabhi Jab Torh Dalega Koii Waadey Mohabbat Kay, Tumhe Merii Mohabbat Ka Zamana Yaad Ayega .. ‘
तकदीर मेँ ढूंढ रहा था तस्वीर अपनी, न ही मिली तस्वीर, ओकात मिल गई अपनी
बहुत शख्स मिले जो समझाते थे मुझे…. काश…कोई मुझे समझने वाला भी मिलता….
अपनों की चाहत मे मिलावट थी इस कदर. मैं तंग आकर दुश्मनों को मनाने निकल गया..
-Mujhey Ab Farq Nahi Parta , Tumhare Badal Janey Sey .. ‘
ए मुसीबत जरा सोच के आन मेरे करीब, कही मेरी माँ की दुवा तेरे लिए मुसीबत ना बन जाये.
Har Baar Ilzaam Hum Par Hii Lagana Accha Nahii, Waffa Khud Se Hoti Nahi Khafa Hum Sey Ho Jatey Ho Continue Reading..
मैं कौन हूँ यह पता चल जाये तोह मुझे भी बता देना… —” काफी दिनों से तलाश है मुझे मेरी Continue Reading..
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