-Kya Itne Door Nikal Aaye Hai Hum, Ke Tere Khayalo Me Bhi Nahi Aatey .. ‘
सुना है आजकल तेरी मुस्कुराहट गायब हो गयी है, तू कहे तो फिर से तेरे क़रीब आ जाऊँ.
जैसे जैसे उम्र गुजरती है एहसास होने लगता है कि माँ बाप हर चीज़ के बारे में सही कहते थे
Aa kuch likhdu tere bare meIN, Tu bhi dhundhti hogi khud ko mere Lafzon meIN
अगर किसी की उसकी औकात से ज्यादा इज्जत करलो, तो वो खुद को तुम्हारा बाप समझने लगता है !!
मिट जाते है औरों को मिटाने वाले . लाश कहा रोती है, रोते है जलाने वाले
मुंह की बात सुने हर कोई, दिल के दर्द को जाने कौन , आवाज़ों के बाजारों में, ख़ामोशी पहचाने कौन Continue Reading..
रोज़ ख्वाबों में जीता हूँ वो ज़िन्दगी … जो तेरे साथ मैंने हक़ीक़त में सोची थी
Rooh men meri bass k bOla wO .. Itni nazdekiyan achi nhi hOti ..
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