आज उसने भी कह दिया 💔 मरते हो मुझ पर तो💌 अब तक जिंदा क्यो हो
Roj kehti hun bhul jaungi use, magar na jane kyun yeh baat roj bhul jati hun..!!
Ajeeb Andhera Hai “ISHQ” Teri Mehfil Me, Kisi Ne “DIL” Bhi Jalaya To “ROSHNI” Na Hoi…!!!
वो लफ्ज कहां से लाऊं जो तेरे दिल को मोम कर दें….!! मेरा वजूद पिघल रहा है तेरी बेरूखी से……!!
कैसे भुला देते हैं लोग तेरी खुदाई को, या रब! मुझसे तो तेरा बनाया हुआ एक शख्स, भुलाया नहीं जाता……..
मरना होता तो कबके मर गए होते तेरी यादों में हर रोज़ मरने का मज़ा कुछ अलग ही है
हम तो नरम पत्तों की शाख़ हुआ करते थे. छीले इतने गए कि “खंज़र ” हो गए….
मोहब्बत में हमेशा अपने आप को बादशाह समझा हमने मगर एहसास तब हुआ जब किसी को माँगा फकीरों की तरह
: एक वक़्त था जब हम सोचते थे कि हमारा भी वक़्त आएगा , …. और एक ये वक़्त है Continue Reading..
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