तुम जिंदगी की वो कमी हो , जो जिंदगी भर रहेगी !!!
~ बड़ा अजीब सा जहर था उसकी यादों का सारी उम्र गुजर गयी मरते – मरते .. ^
उन्हें शिकायतों से शिकायत रहने लगी है, अब हम शिकायत जो नहीं करते!
वो जवानी ही क्या जिसे लोग पलट कर न देँखेँ
~Hum To Agaaz’E-Mohabbat Mein Hi Lutt Gy, Log Toh Kehte The Ke Anjaam Bura Hota Haii .. ‘
मै तुम्हारी वो याद हूँ.. जिसे तुम अक्सर भुल जाते हो…..
सुना है तुम ज़िद्दी बहुत हो, मुझे भी अपनी जिद्द बना लो.!!
अंत में लिखी है दोनों की बर्बादी, आशिक़ हो या हो आतंकवादी
! वो अब भी आती है ख्वाबों में मेरे.. ये देखने की मैं उसे भूला तो नहीं…..!!
Your email address will not be published. Required fields are marked *
Comment *
Name *
Email *