पूरी दुनिया से जुदा सी है वो, हम जिसे चाहते है खुदा सी है वो !!
तुम रख ना सकोगे मेरा तोहफा सभालकर वरना मै तुमको अभी दे दु अपने जिस्म से रूह निकाल कर
रोज़ ख्वाबों में जीता हूँ वो ज़िन्दगी … जो तेरे साथ मैंने हक़ीक़त में सोची थी
गुनाह नहीं होगा तेरे नाम के साथ अपना नाम जोड़ना,,, बस डर ये है कि तुझे कोई बदनाम ना करे……
आपका सबसे अच्छा दोस्त किसी और जाति से होगा और आपका सबसे बड़ा दुश्मन आपका कोई अपना ही होगा
भरने को तो हर ज़ख्म भर जाएँगे, कैसे भरेगी वो जगह जहां तेरी कमी होगी !!
अब इतना भी सादगी का ज़माना नहीं रहा …!! क़े तुम वक़्त गुज़ारो और, हम प्यार समझें,
रात हुई जब शाम के बाद! तेरी याद आई हर बात के बाद! हमने खामोश रहकर भी देखा! तेरी आवाज़ Continue Reading..
तु मिल गई है ताे मुझ पे नाराज है खुदा, कहता है की तु अब कुछ माँगता नहीं है..!!
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