बस आख़री साँस बाकी है ,, तुम आती हो या मैं ले लूँ…
हमारी तलाश, तेरी लाश पे आके खत्म होगी..
तेरी तलाश में निकलु भी तो क्या फायदा, तु बदल गया हैं ,खोया नही हैं ।
हसरतें आज भी खत लिखती हैं मुझे, पर मैं अब पुराने पते पर नहीं रहती ।।
लोगो के तो दिन आते है पर . हमारा तो जमाना आएगा
तुम जिंदगी की वो कमी हो , जो जिंदगी भर रहेगी !!!
~Izhar’E-Ishq Me Aiisa Hua Kuch Wo, Dil Ka Haqdaar To Hua Lekin Mera Naa Hua .. ‘
वो बड़े घर की थी साहब, . छोटे से दिल में कैसे रहती.
..है एक कर्ज़ जो हरदम सवार रहता है । …वो मम्मी पापा का प्यार है जो सब पर उधार रहता Continue Reading..
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